मुंबई-ठाणे में निकाय चुनाव की तस्वीर साफ, जानें नाम वापसी के बाद मैदान में कितने हैं उम्मीदवार

मुंबई और ठाणे में 15 जनवरी को होने वाले निकाय चुनाव से पहले नामांकन वापसी के बाद चुनावी स्थिति साफ हो गई है। मुंबई में 453 उम्मीदवारों ने नाम वापस लिए हैं। वहीं दूसरी तरफ ठाणे में 269 उम्मीदवारों ने नामांकन वापस लिए। आइए जानते है कि चुनावी मैदान में अब कितने उम्मीदवार हैं?
देश की सबसे बड़ी और सबसे अमीर महानगरपालिका बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) के चुनाव 15 जनवरी को होने है। ऐसे में इस चुनाव के लिए नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनावी तस्वीर साफ हो गई है। शुक्रवार दोपहर 3 बजे तक 453 उम्मीदवारों ने अपने नाम वापस ले लिए, जिसके बाद अब 1,729 उम्मीदवार मैदान में बचे हैं। इस बात की जानकारी बीएमसी ने बयान जारी कर दी। बयान में बताया गया कि नामांकन वापसी का समय सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक रखा गया था, जो शहर के 23 रिटर्निंग ऑफिसर कार्यालयों में चला।
बीएमसी ने इस बात पर भी जोर दिया कि चुनाव चिन्हों का आवंटन 3 जनवरी को सुबह 11 बजे से होगा और उसी दिन उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी की जाएगी। बता दें कि बीएमसी चुनाव के लिए 23 से 30 दिसंबर के बीच 11,391 नामांकन फॉर्म बांटे गए थे। इनमें से 2,516 नामांकन पत्र दाखिल किए गए।
16 जनवरी को होगी मतगणना
वहीं 31 दिसंबर को हुई जांच में 164 नामांकन रद्द कर दिए गए, जबकि 2,185 नामांकन सही पाए गए। सारी प्रक्रियाओं के बाद और नाम वापसी के बाद अब 1,729 उम्मीदवार चुनाव लड़ेंगे। मतगणना 16 जनवरी को होगी।
ठाणे महानगरपालिका की स्थिति
दूसरी ओर बात अगर ठाणे महानगरपालिका चुनाव में भी नामांकन वापसी के बाद स्थिति साफ हो गई है। यहां 269 उम्मीदवारों ने नाम वापस ले लिया, जिसके बाद अब कुल 649 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। ठाणे के वागले वार्ड में सबसे ज्यादा हलचल देखने को मिली, जहां रिकॉर्ड 50 उम्मीदवारों ने नामांकन वापस लिया, लेकिन इसके बावजूद यहां 36 उम्मीदवार मैदान में हैं।
कलवा क्षेत्र में 21 नामांकन रद्द किए गए, जो किसी एक क्षेत्र में सबसे ज्यादा हैं। उम्मीदवारों की संख्या के लिहाज से माजीवाड़ा-मानपाड़ा में 92, लोकमान्य-सावरकरनगर में 83 और कलवा में 82 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। दोनों शहरों में नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब चुनाव प्रचार तेज होने की उम्मीद है।
चुनाव से पहले शिंदे गुट की शिवसेना और भाजपा उम्मीदवारों की जीत
इसी बीच ठाणे नगर निगम चुनाव में शिवसेना (शिंदे गुट) के सात उम्मीदवार शुक्रवार को निर्विरोध जीत गए। इन सातों ने महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे से उनके आवास पर मिलकर आभार जताया। उम्मीदवारों की जीत के बाद पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने जश्न मनाया। ये उम्मीदवार इसलिए निर्विरोध जीत गए क्योंकि विपक्षी दलों के उम्मीदवारों ने या तो नामांकन वापस ले लिया या उनका नामांकन अमान्य कर दिया गया। शिवसेना की विजयी उम्मीदवार सुखदा संजय मोरे ने कहा कि उनके विरोधी उम्मीदवारों ने नामांकन वापस ले लिया और जनता एकनाथ शिंदे के साथ खड़ी है।
भाजपा के उम्मीदवारों की भी जीत
इसके अलावा, भाजपा के दो उम्मीदवार पुणे और पंद्रह उम्मीदवार ठाणे के कल्याण-डोंबिवली नगर निगम से निर्विरोध चुने गए। पुणे में मंजुषा नागपुरे और श्रीकांत जगताप सन्सिटी-मनिकबाग वार्ड से निर्विरोध जीत गए। कल्याण-डोंबिवली में 15 भाजपा उम्मीदवारों ने भी निर्विरोध जीत दर्ज की।
निर्विरोध चुने गए भाजपा उम्मीदवारों में रंजना पेंकर, असावरी नवरे, मांदा पाटिल, ज्योति पाटिल, रेखा चौधरी, मुकंद विशु पेड़नेकर, महेश पाटिल, साई शेलार, दीपेश म्हात्रे, जयेश म्हात्रे, हर्षदा भोइर, सुनीता पाटिल, पूजा म्हात्रे, रवीना माली और मंदार हलबे का नाम शामिल है।
महायुति का चुनावी तैयारी
गौरतलब है कि 29 दिसंबर को महायुति ने आगामी बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) चुनाव के लिए सीटों का फॉर्मूला फाइनल किया। इसके अनुसार, भाजपा 137 सीटों पर चुनाव लड़ेगी, जबकि शिवसेना (शिंदे गुट) 90 सीटों पर उम्मीदवार उतारेगी।





