दूध पीने या चॉकलेट खाने से क्या सच में होते हैं पिंपल्स? डर्मेटोलॉजिस्ट ने खोला राज

क्या आपको भी बचपन से यही सुनने को मिला है कि “ज्यादा चॉकलेट मत खाओ, चेहरे पर दाने निकल आएंगे” या “दूध पीने से मुंहासे बढ़ते हैं”? हममें से कई लोग अपनी पसंदीदा मिठाई या कोल्ड कॉफी सिर्फ इस डर से छोड़ देते हैं कि अगली सुबह शीशे में चेहरे पर एक नया ‘पिंपल’ नजर आएगा।
जरा सोचिए, कल आपके दोस्त की शादी है या कोई खास डेट और आज सुबह जैसे ही आपने शीशे में चेहरा देखा… माथे पर एक मोटा-सा लाल पिंपल आपका वेकलम कर रहा है। ऐसे में, लोगों का शक तुरंत कल रात खाई गई उस चॉकलेट या पिए गए मिल्कशेक पर जाता है।
हम बरसों से अपनी दादी-नानी और दोस्तों से सुनते आ रहे हैं- “चॉकलेट मत खा, चेहरा खराब हो जाएगा,” लेकिन क्या वाकई आपकी फेवरेट चॉकलेट आपकी खूबसूरती बिगाड़ रही है या यह सिर्फ एक पुराना वहम है? आज हम डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. अंकुर सरीन की मदद से मुंहासे बढ़ाने वाले फूड्स के पीछे की सच्चाई आपको बताएंगे (Foods to Avoid for Clear Skin)।
चॉकलेट
बहुत से लोग मानते हैं कि चॉकलेट खाने से मुहांसे होते हैं, लेकिन यह पूरी तरह सच नहीं है। डॉ. अंकुर के मुताबिक, डार्क चॉकलेट खाना बिल्कुल सुरक्षित है और इससे मुहांसे नहीं होते। बता दें, असली समस्या मिल्क चॉकलेट में है। मिल्क चॉकलेट में चीनी और दूध होता है, जो मुहांसों का कारण बन सकता है।
कॉफी
अगर आप कॉफी के शौकीन हैं, तो राहत की सांस लें। कॉफी अपने आप में मुहांसों का कारण नहीं बनती है। हालांकि, जब आप कॉफी में दूध और चीनी मिलाते हैं, तो यह कॉम्बिनेशन स्किन के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
चीनी और फलों का जूस
चीनी और बाजार में मिलने वाले जूस एक्ने की बड़ी वजह हैं। शुगर और जूस शरीर में इंसुलिन को तेजी से बढ़ाते हैं, जिससे स्किन में ऑयल प्रोडक्शन बढ़ता है और मुहांसे निकल आते हैं।
फल
ज्यादातर साबुत फल मुहांसों का कारण नहीं बनते हैं। वे सुरक्षित हैं। हालांकि, बहुत ज्यादा ग्लाइसेमिक इंडेक्स (High-GI) वाले फलों का अधिक सेवन करने से समस्या बढ़ सकती है, लेकिन सामान्यतः फल खाना सुरक्षित है।
दूध और व्हे प्रोटीन
जिम जाने वालों के लिए यह जानना जरूरी है कि व्हे प्रोटीन मुहांसों को, विशेषकर हार्मोनल एक्ने को, बढ़ा सकता है। यह शरीर में इंसुलिन और IGF-1 के स्तर को बढ़ाता है। इसके अलावा, दूध और खास तौर पर स्किम मिल्क, मुहांसों से जुड़ा हुआ है क्योंकि इसमें हार्मोन और व्हे की मात्रा होती है।
दही
ज्यादातर लोगों के लिए दही सुरक्षित है। चूंकि यह एक फर्मेंटेड फूड है, यह पेट के लिए अच्छा होता है। हालांकि, अगर आपका शरीर डेयरी प्रोडक्ट्स को लेकर सेंसिटिव है, तो ही दही पिंपल्स की मजह बन सकता है, वरना यह ठीक है।





