जम्मू-कश्मीर पुलिस ने मंगलवार शाम को चीन निर्मित ड्रोन को किया जब्त, सर्च आपरेशन जारी

अपनी तरह की पहली घटना में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने मंगलवार शाम को चीन निर्मित ड्रोन को जब्त किया है। यह ड्रोन किश्तवाड़ डिस्ट्रिक्ट जेल के परिसर के ऊपर उड़ रहा था और इसके साथ कैमरा भी लगा हुआ था। जेल सुपरिटेंडेंट मोहम्मद इकबाल ने बताया कि ड्रोन जेल के एक निगरानी करने वाले टावर से जा टकराया और मंगलवार शाम 5.35 मिनट पर नीचे गिर पड़ा। इस वारदात ने सुरक्षा कर्मियों को सकते में डाल दिया है क्योंकि जेल में 101 कैदी हैं जिसमें 25 आतंकवादी है। चार कश्मीरी आतंकवादियों को छोड़कर अन्य डोडा और किश्तवाड़ जिलों के हैं।
टावर पर तैनात सीआरपीएफ के जवान फौरन हरकत में आ गए और उन्होंने क्षेत्र को घेर लिया। इसी के साथ उन्होंने इसकी जानकारी जेल पुलिस अधिकारियों को भी दे दी। पुलिस अधिकारी ने बताया कि यह छोटे आकार का ड्रोन है लेकिन इसमें कैमरा फिट हुआ है। मामले की जांच चल रही है। जेल में 101 कैदी हैं जिसमें 25 आतंकवादी है।
ड्रोन को कब्जे में लेने के बाद पुलिस ने यह जांच शुरू कर दी है कि आखिरकार यह ड्रोन किस उद्देश्य से जेल के उपर उड़ाया जा रहा था। यही नहीं इसकी रेंज को जहन में रख इसे चलाने वाले की भी तलाशी की जा रही है। जेल के आसपास के इलाकों को घेर लिया गया है और सुरक्षाबलों ने तलाशी अभियान चलाया हुआ है। पिछले एक साल के दौरान किश्तवाड़ में बड़ी आतंकवादी वारदातों को देखते हुए पुलिस इस मामले को बड़ी गंभीरता से ले रही है। दूसरी बात यह भी है कि जेल में कई कुख्यात आतंकवादी भी कैद हैं। ऐसे में ड्रोन का जेल के ऊपर मडराना खतरे को सबब हो सकता है।
एसएसपी किश्तवाड़ शक्ति कुमार पाठक ने कहा कि पुलिस व सेना ने मामले की गंभीरता को भांपते हुए प्रभावी कदम उठाना शुरू कर दिए हैं। जेल की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। आसपास के इलाकों में सर्च आपरेशन जारी है। यह मामला जेल सुरक्षा से जुड़ा हुआ है इसलिए इसको हल्के में नहीं लिया जा सकता। पाठक ने कहा कि स्थानीय लोगों से भी कहा गया है कि अगर कोई इसे खिलौने के तौर पर इस्तेमाल कर रहा था तो वह भी सामने आ जाए और कैमरे की चिप उन्हें सौंप दे। यदि पुलिस जांच में वह पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।





