छोटेपुर के साथ हुआ था धोखा, केजरीवाल के दबाव के कारण मैं भी था शामिल: सुखपाल सिंह खैहरा

आम आदमी पार्टी छोड़ पंजाबी एकता पार्टी बनाने वाले सुखपाल सिंह खैहरा ने पहली बार माना है कि उन्होंने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के दबाव में आप के पूर्व कन्वीनर सुच्चा सिंह छोटेपुर को पार्टी से निकालने के लिए दस्तखत किए थे। खैहरा ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए कहा, सुच्चा सिंह छोटेपुर के साथ धोखा हुआ था। केजरीवाल के दबाव के कारण मैंने भी इसमें शामिल था।  कई बार गलती हो जाती है।छोटेपुर के साथ हुआ था धोखा, केजरीवाल के दबाव के कारण मैं भी था शामिल: सुखपाल सिंह खैहरा

पंजाबी एकता पार्टी के अध्यक्ष ने मानी अपनी गलती, कहा- गठबंधन के लिए मायावती से चल रही है बात

यहां पत्रकारों से बातचीत में खैहरा ने कहा कि अभी बहुजन समाज पार्टी (बसपा) से समझौता नहीं हुआ है, लेकिन उनकी इच्छा है कि रवायती पार्टियों को टक्कर देने के लिए राज्य में तीसरा मोर्चा बनना चाहिए। यूनाइटेड अकाली दल की तरफ से बसपा प्रमुख मायावती को संभावित प्रधानमंत्री के तौर पर देखा जा रहा है, लेकिन उनकी तरफ से मायावती के साथ बातचीत करने के बाद ही फैसला लिया जाएगा। पंजाब का पानी, किसानों और खेत मजदूरों का कर्ज, इंडस्ट्री को पैकेज, राज्य को ज्यादा अधिकार देने के कई मसले हैं। इन मुद्दों पर विचार करने के बाद ही फैसला लिया जाएगा।

खैहरा ने कैप्टन सरकार की तरफ से किसानों की कर्ज माफी का स्पेशल ऑडिट करवा कर रिपोर्ट विधानसभा में रखने की मांग की है, ताकि पता चल सके कि कौन-कौन से किसानों का कर्ज माफ हुआ है। असली किसानों की बजाय बड़े धनाढ्य कांग्रेसी और अकाली नेताओं व उनके पारिवारिक सदस्यों का कर्ज माफ हुआ है। उन्होंने मोदी सरकार की तरफ से किसानों को सालाना छह हजार रुपये की वित्तीय सहायता देने की खिल्ली उड़ाते हुए कहा कि तेलगाना की तर्ज पर किसानों को 25 हजार रुपये नकद सब्सिडी मिलनी चाहिए।

पंजाब विधानसभा की आेर से सदस्‍यता के बारे में नोटिस नहीं मिला

खैहरा ने कहा कि उनको पंजाब विधानसभा की तरफ से अभी तक कोई नोटिस नहीं मिला। गौरतलब है कि आप ने खैहरा की विधानसभा की सदस्‍यता रद करने की मांग की थी। स्पीकर ने दल बदल कानून के अंतर्गत खैहरा को नोटिस जारी किया है। खहरा ने कहा कि वास्तव में कहा कुछ जाता और किया कुछ जाता है।

साथ मिलकर चुनाव लड़ सकते हैं खैहरा व छोटेपुर

उधर मोहाली में सुखपाल खैहरा ने अपणा पंजाब पार्टी कन्वीनर सुच्चा सिंह छोटेपुर से मुलाकात की। खैहरा ने कहा कि इस मुलाकात का मकसद आने वाले लोकसभा चुनाव में एक मंच पर इकट्ठा होकर लड़ना है। उन्होंने कहा कि छोटेपुर ने वर्करों के साथ बैठक कर अपना फैसला सुनाने की बात कही है। हर किसी को किसी भी पार्टी में शामिल होने का पूरा हक है। वीर दविंदर अकाली टकसाली में शामिल हुए हैं। अकाली टकसाली भी उनकी पार्टी के साथ है। उधर, सुच्चा सिंह छोटेपुर ने कहा कि वे जल्द ही अपनी पार्टी वर्करों के साथ बैठक करेंगे। अभी उनकी किसी और पार्टी के साथ कोई बैठक नहीं हुई है।  

तालमेल कमेटी में 21 एनआरआइ

पार्टी को मजबूत करने के लिए खैहरा ने अलग-अलग देशों में रह रहे पंजाबी एनआरआइज की 21 सदस्यों वाली तालमेल कमेटी गठित की है। खैहरा ने बताया कि एनआरआइज को पंजाब के फैसलों में हिस्सेदार बनाने के लिए तीन सदस्यों को पार्टी की सियासी मामलों की समिति (पीएसी) में विशेष आमंत्रित सदस्य नियुक्त किया गया है। खैहरा ने कहा कि तालमेल कमेटी एडहॉक तौर पर बनाई गई है। इसकी ड्यूटी अगले तीन महीनों में विश्वभर के ढांचों का गठन करना होगा।

उन्‍होंने बताया कि समिति में अमेरिका से सुखविंदर सिंह पन्नू, बलविंदर सिंह न्यू जर्सी, दविंदर सिंह सुच्चा, सुखबिंदर सिंह, राजकरन तूर, शीना, कनाडा से इंद्रजीत सिंह बैंस, कंवर सिंह, बॉब मिन्हास, दलीप सिंह और हैरी धालीवाल, यूरोप से बलकार सिंह ढिल्लों, लखविंदर सिंह ऑस्ट्रिया, बलविंदर सिंह फ्रांस, लखविंदर सिंह इंग्लैंड, रछपाल सिंह मेलबोर्न, भवजीत सिंह सिडनी, खडग़ सिंह न्यूजीलैंड, अमनजीत सिंह दुबई और सतनाम सिंह बहरीन को शामिल किया गया है। इसी तरह कुलबीर संधू टोरंटो, दविंदर जर्मनी और मनजिंदर सिंह को पार्टी की राजसी मामलों की समिति में विशेष आमंत्रित सदस्य के तौर पर शामिल किया गया है।

Back to top button