अमृतसर मंदिर ग्रेनेड हमले में NIA का एक्शन: तीन सीमावर्ती जिलों में दस जगह पर मारे छापे

14 मार्च 2025 की रात को अमृतसर के शेरशाह रोड स्थित ठाकुरद्वारा सनातन मंदिर के बाहर ग्रेनेड हमला हुआ था। इसी मामले में एनआईए ने अमृतसर, तरनतारन और गुरदासपुर में 10 स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया।
अमृतसर में करीब दस महीने पहले एक मंदिर के बाहर हुए ग्रेनेड हमले के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने जांच तेज करते हुए पंजाब के तीन सीमावर्ती जिलों में बड़ी कार्रवाई की है।
14 मार्च 2025 की रात को अमृतसर के शेरशाह रोड स्थित ठाकुरद्वारा सनातन मंदिर के बाहर ग्रेनेड हमला हुआ था। शुरुआती तौर पर इसे सामान्य विस्फोट माना गया, लेकिन बाद में जांच में स्पष्ट हुआ कि यह एक सुनियोजित ग्रेनेड हमला था।
एनआईए की जांच में सामने आया कि यह हमला पंजाब में दहशत फैलाने की साजिश का हिस्सा था, जिसके तार विदेशों में बैठे आतंकी हैंडलरों से जुड़े हुए हैं। एजेंसी के अनुसार, इन हैंडलरों द्वारा भारत में स्थानीय युवकों की भर्ती कर उन्हें आर्थिक मदद और दिशा-निर्देश दिए जा रहे थे।
जांच में यह भी खुलासा हुआ कि मंदिर पर ग्रेनेड फेंकने की वारदात दो आरोपियों ने अंजाम दी थी। इनमें से एक आरोपी फिलहाल एनआईए की हिरासत में है, जबकि दूसरा आरोपी अब जीवित नहीं है। विस्फोटक सामग्री की व्यवस्था तीसरे व्यक्ति द्वारा की गई थी, जो वारदात के बाद फरार हो गया था। बाद में उसे झारखंड और बिहार में छिपे होने के दौरान गिरफ्तार कर लिया गया।
इसी मामले की कड़ियां जोड़ने के लिए एनआईए ने गुरुवार को अमृतसर, तरनतारन और गुरदासपुर जिलों में कुल 10 स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया। छापेमारी के दौरान एजेंसी ने कई मोबाइल फोन, डिजिटल उपकरण और महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए हैं।
एनआईए का कहना है कि जब्त किए गए डिजिटल साक्ष्यों और दस्तावेजों की गहन जांच की जा रही है, जिससे इस आतंकी साजिश से जुड़े अन्य नेटवर्क और संदिग्धों तक पहुंचने की उम्मीद है। एजेंसी ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में इस मामले में और भी अहम खुलासे हो सकते हैं।





