रिलायंस जियो ‘डिजिटल इंडिया’ मिशन के तहत माइक्रोसॉफ्ट के साथ मिलकर करने वाला है ये काम

यूजर्स के लिए डाटा लीक्स जैसी कई समस्याओं से जूझने वाले खुशी की खबर है. टेलिकॉम और आईटी कंपनी Reliance Jio ने अमेरिकी लीडिंग टेक्नोलॉजी कंपनी Microsoft के साथ लॉन्ग टर्म साझेदारी की है. इस साझेदारी के तहत भारतीय यूजर्स का डाटा भारत में ही स्टोर किया जाएगा. Reliance के 42वें AGM मीटिंग में कंपनी के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने इस बात की घोषणा की है.

मीटिंग के दौरान अंबानी ने कहा कि, मैं इस बात की घोषणा करते हुए गर्वान्वित महसूस कर रहा हूं कि Jio और Microsoft ने एक यूनिक ग्लोबली लॉन्ग टर्म प्लान बनाया है, जिसमें देश को डिजिटल ट्रांसफॉर्म किया जाएगा. इस नई पार्टनरशिप के तहत Reliance वर्ल्ड क्लास डाटा सेंटर नेटवर्क सेटअप करेगा जो Microsoft Azure क्लाउड प्लेटफॉर्म के साथ काम करेगा.
अपनी बयान में अंबानी ने आगे कहा, जब हम दोनों साथ में आ गए हैं तो हम भारत में स्पीच रिकॉग्निशन, नेचुरल लैग्वेज अंडरस्टैंडिग और भारतीय भाषाओं वाला प्लेटफॉर्म तैयार कर सकते हैं। जिसकी वजह से Azure क्लाउड कम्प्यूटिंग का बिजनेस भारत में बढ़ेगा.इसके अलावा Microsoft Azure आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ऑफिस 365 को Jio की कनेक्टिविटी और डिजिटल सॉल्यूशन का सपोर्ट मिल सकेगा. हम दोनों साथ मिलकर एक कॉम्प्रिहेंसिव टेक्नोलॉजी सॉल्यूशन क्रिएट करेंगे जो देश के स्टोरेज कनेक्टिविटी और प्रोडक्टिविटी वाले स्मॉल और मिडियम साइज के बिजनेस को मदद करेगा.
आपकी जानकारी के लिए बता दे कि Reliance Jio और Microsoft ने भारत में नए डाटा सेंटर ओपन करने की बात कही. इन नए डाटा सेंटर्स की वजह से Reliance Jio यूजर्स टूल और प्लेटफॉर्म को अपने डिजिटल कैपेबिलिटी के हिसाब से तैयार कर सकेंगे. इन दोनों कंपनियों की इस नई साझेदारी से Jio यूजर्स को Office 365 का कम्प्लीट एक्सेस मिल सकेगा.इस पार्टनर्शिप के अलावा Reliance Jio क्लाउड टेक्नोलॉजी और कनेक्टिविटी को फ्री में उपलब्ध कराया जाएगा.
जो भी स्टार्ट-अप इस सर्विस का इस्तेमाल करना चाहते हैं वो Jio की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर रजिस्टर करा सकते हैं. Jio की ये इंटरनेट ऑफ थिंग्स सर्विस 1 जनवरी 2020 से व्यावसायिक तौर पर रोल आउट की जाएगी.Reliance Jio और Microsoft की इस पहल से केन्द्र सरकार की डिजिटल इंडिया मिशन को बढ़ावा मिलेगा.





