वाहन चेकिंग के दौरान बिछड़ी बच्ची

हमारी सहयोगी वेबसाइट डीएनए के अनुसार बीते 17 जून को टेक्सास की सीमा पर अमेरिकी पैट्रोल बॉर्डर एजेंट अमेरिका आने वाले सभी आप्रवासियों की जांच कर रहे थे. नई आव्रजन नीति के तहत ये सुरक्षाकर्मी लोगों को उनके वाहन से उतारकर जांच-पड़ताल कर रहे थे. इसी दौरान बच्ची की मां के वाहन को भी रोका गया. वाहन की जांच के बाद बच्ची की मां की भी जांच गई, जिसके लिए बच्ची को अलग रखने को कहा गया. पड़ताल के बाद मां को तो जाने दिया गया, लेकिन बच्ची पीछे रह गई. इस दौरान वहां मौजूद सीएनएन के एक फोटोग्राफर की बच्ची पर नजर पड़ी और उसने तस्वीर खींच ली. फोटोग्राफर ने तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, ‘सुरक्षा जांच के बाद बस में चढ़ने वाली आखिरी महिला इस बच्ची की मां थी. बच्ची रो रही है. किसी भी स्थिति में मां से बच्चे को अलग करने की बात असामान्य है, लेकिन परिवारों के बिछड़ने की यह तस्वीर इस वाक्य को नया अर्थ देती है.’ तस्वीर के वायरल होने के बाद से अमेरिका में आव्रजन नीति को लेकर बहस शुरू हो गई.

लारा बुश ने कहा- अनैतिक, प्रशासन ने किया बचाव

दो साल की बच्ची के मां से बिछड़ने के बाद अमेरिका में नई नीति पर कई लोगों ने सरकार के खिलाफ आवाज उठानी शुरू कर दी है. लोगों ने अमेरिकी सरकार से तत्काल इस नीति में बदलाव करने की मां की. पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश की पत्नी लारा बुश ने इस घटना को क्रूर और अनैतिक करार दिया. वहीं अमेरिकी कस्टम और सीमा सुरक्षा विभाग ने एक पत्र जारी करते हुए कहा कि वह बच्ची, अपनी मां से बिछड़ी नहीं थी. संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार प्रमुख जायद राद अल हुसैन ने भी इस घटना पर चिंता जताते हुए कहा कि परिवार से बिछड़े बच्चों को तत्काल उनके माता-पिता तक पहुंचाया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि किसी बच्ची को उसकी मां से अलग कर देना बेशर्मी भरा है. उन्होंने अमेरिकी सरकार से आग्रह किया कि बच्चों को उनके परिवार से अलग करने की इस प्रक्रिया पर तत्काल रोक लगाई जाए.

मेलानिया ट्रंप ने भी घटना पर जताया खेद

दो साल की बच्ची के मां से बिछड़ने की घटना को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के परिवार में भी तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली. आम तौर पर राजनीतिक टिप्पणियों से परहेज करने वाली अमेरिकी प्रथम महिला मेलानिया ट्रंप ने कहा कि सरकार को नई नीति को वापस न लेना पड़े इसके लिए जरूरी है कि प्रवासियों के साथ घट रही ऐसी घटनाओं पर तत्काल संज्ञान लिया जाए. मेलानिया ट्रंप की प्रवक्ता स्टीफन ग्रिशम ने कहा, ‘अमेरिका की प्रथम महिला को बच्चों के साथ होने वाले इस व्यवहार ने दुखी कर दिया है. वह चाहती हैं कि परिवार से अलग हुए बच्चों को तत्काल उनके माता-पिता से मिलवा दिया जाए. इससे दोनों पक्षों को लाभ होगा. सरकार अपनी नीति को सही तरीके से लागू कर सकेगी और इस नीति से प्रभावित होने वाले परिवारों को भी सुकून मिलेगा.’