गुरजीत ने कहा- खैहरा मांगते हैं पैसे, इसीलिए लगते है आरोप

- in पंजाब, राज्य

चंडीगढ़। पंजाब विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुखपाल सिंह खैहरा अाज कांग्रेस और अकाली दल के निशाने पर आ गए। कांग्रेस के विधायक व पूर्व मंत्री राणा गुरजीत सिंह ने खैहरा पर आरोप लगा दिए कि वह पैसे मांग रहे है। पैसे न मिलने की वजह से वह मेरे ऊपर आरोप लगा रहे हैं। संसदीय कार्य मंत्री ब्रह्म मोहिंदरा ने खैहरा पर एक बयान को लेकर स्पीकर से उन पर कार्रवाई करने की मांग की। माेहिंदरा ने कहा खैहरा ने सभी विधायकों को रेत खनन में लिप्त बताया था।

कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल के निशाने पर अाए सुखपाल खैहरा

विधानसभा में मंगलवार को शून्यकाल में कांग्रेस के विधायक सुख सरकारिया ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष सुखपाल सिंह खैहरा ने सदन की मर्यादा का हनन किया है। इस पर सदन में हंगामा शुरू हो गया। उन्‍हाेंने कहा कि सुखपाल ने सदन के बाहर कहा कि कांग्रेस के सभी विधायक रेत खनन में लिप्त है। इस पर खैहरा ने कहा कि उन्होंने सदन के बाहर ऐसा कोई बयान नहीं दिया। जो कुछ भी कहा वह सदन की कार्यवाही का हिस्सा है।

इससे पहले उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि सरकार जिन ठेकेदारों ने गलत तरीके से ठेके लिये उनकी जमानत राशि को जब्त करने की बजाय वापिस करने जा रही है। राणा गुरजीत सिंह की तरफ इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि इनमें गुरिंदर ठेकेदार का भी पांच करोड़ रुपये लगा हुआ है।

इस पर राणा गुरजीत सिंह ने कहा, जब मैं उत्तर प्रदेश से पंजाब इंडस्ट्री लगाने के लिए आया तो खैहरा के पिता से मिला। मुझे लाइसेंस मांझा का मिला था और मैं इंडस्ट्री दोआबा में लगाना चाहता था, खैहरा के पिता ने मेरा काम करवाने के लिए इंडस्ट्री में बिना पैसे हिस्सेदारी मांगी। राणा यही नहीं रुके और आरोप लगा दिया कि खैहरा मुझसे पैसे मांग रहा है। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि पैसे किस बात के मांगे जा रहे है। इस पर सुखपाल सिंह खैहरा ने राणा के सभी आरोपों को झूठ बताया।

इससे पहले मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि रेत खनन को लेकर उठाए गए मुद्दे पर आयोग की जांच चल रही है। जब आयोग की रिपोर्ट आ जाएगी तो उसकी सिफारिश पर कार्रवाई होगी। कैप्टन ने खैहरा पर कटाक्ष करते हुई कहा कि अधूरी जानकारी अज्ञानता की निशानी होती है।

सुखपाल खैहरा के खिलाफ नवजोत सिंह सिद्धू और बिक्रम सिंह मजीठिया आज एक सुर में नजर आए। कल खैहरा ने मजीठिया और सिद्धू पर कटाक्ष किया था कि दोनों को बाहर भेज दो वहां आपस में निपट लें। आज जब सुखपाल और राणा गुरजीत आपस में भिड़ रहे थे तो पहले मजीठिया और बाद में सिद्धू ने कहा- इन्हें बाहर भेज दो, इनका निजी मामला है।

बिक्रम सिंह मजीठिया ने सदन में कहा कि कांग्रेस और आप का सदन में समझौता हो गया है। कल वित्त मंत्री मनप्रीत बादल ने सदन में कहा था कि कांग्रेस खैहरा को नहीं रोकेगी और आप मुख्यमंत्री के भाषण में विघ्न नही डालेंगे।

You may also like

बसपा ने भी तोड़ा नाता, राहुल की एक और सियासी चूक, बीजेपी के लिए संजीवनी

बसपा अध्यक्ष मायावती ने कांग्रेस की बजाय अजीत जोगी के