अमित शाह, बोले- इस बार मुकाबला भाजपा से है, हम हिंसा से नहीं डरते

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भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने त्रिपुरा के गांधीग्राम में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए माणिक सरकार पर जमकर हमला बोला। 

अमित शाह, बोले- इस बार मुकाबला भाजपा से है, हम हिंसा से नहीं डरतेउन्होंने कहा कि ‘यहां की जनता को दबाया जाता है, उनको वोट देने के लिए नहीं जाने दिया जाता। मैं पूरी सीपीएम को कहना चाहता हूं कि इस बार मुकाबला भाजपा से है, संभल जाइए, क्योंकि हम हिंसा से नहीं डरते।’

शाह ने कहा कि ‘ये मौजूदा सरकार त्रिपुरा का भला नहीं कर सकती, आप यहां ऐसी सरकार लाइए जो मोदी सरकार के साथ मिलकर त्रिपुरा को मॉडल स्टेट बनाने का काम करे। हम त्रिपुरा की परिस्थति, यहां के किसान, बेरोजगारों के जीवन में परिवर्तन करना चाहते हैं। हम यहां चल रही हिंसा की राजनीति को बदल कर विकास की राजनीति त्रिपुरा में लाना चाहते हैं।’

उन्होंने कहा कि ‘कम्युनिस्ट दुनिया से खत्म हो चुकी है और कांग्रेस देश से। मुझे इस बात का पूरा भरोसा है कि त्रिपुरा की जनता भी देश और दुनिया के साथ कदम-ताल करते हुए राज्य में भाजपा की सरकार बनायेगी। कांग्रेस के समय 13वें वित्त आयोग में सेन्ट्रल टैक्स में त्रिपुरा की हिस्सेदारी जहां मात्र 7283 करोड़ रुपये थी, वही आज मोदी सरकार में लगभग तीन गुणी बढ़ कर 14वें वित्त आयोग में 25,396 करोड़ रुपये हो गयी है।’

शाह ने कहा ‘कल हमारे कार्यकर्ता को लहूलुहान कर दिया। सारे कार्यकर्ताओं से आह्वान करता हूँ की दम के साथ खड़े रहिये। एक बार त्रिपुरा में परिवर्तन करवा दीजिये ये लाल झंडे वाले नहीं दिखेंगे।’

बता दें कि दो दिन की यात्रा पर त्रिपुरा गए शाह यहां कई रैलियां करेंगे, जिसमें इलाके मोहनपुर, छावमानु और तेलीमुरा शामिल हैं। इतना ही नहीं उनका रोड शो भी है जो भमुतिया से मोहनपुर तक होगा। 

इससे पहले की रैली में शाह ने राज्य की माणिक सरकार को घेरा था, जहां उन्होंने आरोप लगाया कि त्रिपुरा करीब 25 सालों से बुरे हालातों का सामना कर रहा है, क्योंकि यहां कम्युनिस्ट राज है। राज्य के लोग बदलाव की राह देख रहे हैं और वे विकास चाहते हैं और यह भाजपा ही कर सकती है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी साधा था निशाना

इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी त्रिपुरा में रैली कर चुके हैं। पीएम ने पश्चिम त्रिपुरा के मुस्लिम बहुल सीमावर्ती शहर सोनामूरा में आयोजित एक चुनावी रैली को संबोधित किया। यहां उन्होंने राज्य की मौजूदा सरकार को आड़े हाथों लिया और कहा कि जब जनता मैदान में उतरती है तो सरकारें बदल जाती हैं। 

उन्होंने कहा कि पिछले 25 सालों से त्रिपुरा में कम्युनिस्ट पार्टी की सरकार है लेकिन आज तक यहां न्यूनतम वेतन कानून लागू नहीं किया गया है। बकौल पीएम, यह सरकार गरीबों के अधिकारों की बात करती है लेकिन उन्हें अधिकार नहीं देती है। उन्होंने पूछा कि राज्य में अब तक 7वां वेतन आयोग लागू नहीं किया गया है। यही वजह है कि पूरा प्रदेश अंधकार युग में जी रहा है।

पीएम ने कहा कि इस चुनाव में बीजेपी की जीत के साथ हम त्रिपुरा को अंधकार से बाहर लाकर, विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे। उन्होंने कहा बदलाव तभी संभव है जब लोग अपना बदलाव करेंगे। देश का भाग्य भी तभी बदलेगा जब त्रिपुरा का भाग्य बदलेगा।

राज्य के मुख्यमंत्री माणिक सरकार पर भी प्रधानमंत्री ने निशाना साधा और कहा कि अब त्रिपुरा को माणिक नहीं चाहिए। माणिक से मुक्ति ले लो और हीरा के साथ चलो। उन्होंने कहा कि हीरा का अर्थ हाईवे है। उन्होंने कहा, त्रिपुरा का भाग्य 3T से बदलेगा यानी ट्रेड, टूरिज्म और ट्रेनिंग। यही वो तीन टी होंगे जिससे त्रिपुरा के युवाओं का भविष्य सुनहरा बनेगा।

 
 
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