बिहार में तूफान व ओलावृष्टि से भारी नुकसान की मुख्यमंत्री के स्तर पर मॉनीटरिंग, दो दिनों का अलर्ट

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पटना। सूबे में विगत दो दिनों के दौरान आंधी-तूफान, बारिश और ओलावृष्टि से अब तक तीन लोगों की मौत हुई है। वहीं गोपालगंज के कुचायकोट में एक की स्थिति गंभीर बनी हुई है। इस आपदा में पांच लोग घायल हुए हैैं जिनका इलाज अलग-अलग जगहों पर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में हो रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार इस आपदा से हुई जान-माल की क्षति और राहत कार्य की हर घंटे खुद मॉनीटरिंग कर रहे हैैं। आपदा प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत ने शनिवार को एक संवाददाता सम्मेलन में आपदा की पूरी अपडेट दी।

अगले दो दिनों का अलर्ट

प्रत्यय अमृत ने बताया कि भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के मौसम पूर्वानुमान के आधार पर बिहार के सभी जिलों में छिटपुट बारिश या फिर तेज बौछार हो सकती है। इस बारे में सभी जिलाधिकारियों को अलर्ट भेजा गया है। लोगों को भी सतर्क रहने को कहा गया है।

अब तक तीन लोगों की मौत

आपदा प्रबंधन विभाग के पास जिलों से उपलब्ध करायी गई सूचना के अनुसार आंधी-तूफान और ओलावृष्टि में अब तक तीन लोगों की मौत हुई है जिसमें एक 45 वर्षीय महिला भी है। आपदा में मारे गए लोगों में पूर्वी चंपारण जिला स्थित संग्रामपुर प्रखंड के उत्तरी बरियावां के रहने वाले 54 वर्षीय चुमन शर्मा, गोपालगंज जिला स्थित भोरे के 50 वर्षीय रामाशीष गौड़ और मुजफ्फरपुर के साहेबगंज प्रखंड स्थित आनंदी छपरा गांव की 45 वर्षीय रामदुलारी देवी शामिल हैैं।

पांच लोग घायल

आपदा में पांच लोग घायल हुए हैैं। घायलों में मुजफ्फरपुर के साहेबगंज प्रखंड स्थित आनंदी छपरा की किरण देवी, मधुबनी जिला स्थित बेनीपट्टी प्रखंड के सोहरौल गांव की कौसर खातून, बेनापट्टी प्रखंड के बेतौना गांव की बउआदाई देवी, दरभंगा के जाले प्रखंड स्थित राधि जाले गांव के मो. ताहिर और श्याम देवी शामिल हैैं। घायलों का इलाज एसकेएमसीएच, मुजफ्फरपुर और डीएमसीएच, दरभंगा में चल रहा है।

आंधी तूफान और ओलावृष्टि में सूबे के दस जिले प्रभावित हैैं। इनमें पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, मधुबनी, सीतामढ़ी, दरभंगा, अररिया, किशनगंज, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर और भोजपुर जिला शामिल है।

फसल नुकसान का ब्योरा मांगा गया

आपदा प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव ने बताया कि प्रभावित जिलों के डीएम से फसलों के नुकसान का ब्योरा अतिशीघ्र मांगा गया है। जिले से मिली रिपोर्ट के अनुसार मानक के आधार पर किसानों को फसल क्षति की भरपाई की जाएगी।

बिजली संरचना को बड़े स्तर पर नुकसान

आंधी-तूफान में बड़े स्तर पर बिजली संरचना का भी नुकसान हुआ। दक्षिण बिहार बिजली कंपनी के तहत भागलपुर और मुंगेर अधिक प्रभावित रहे। यहां 33 केवी के 65 फीडर में ब्रेकडाउन हुआ। इनमें से 63 को शनिवार की दोपहर तक ठीक कर लिया गया। वहीं 11 केवी के 217 फीडर प्रभावित हुए। उत्तर बिहार में 33 केवी के 52 फीडर तथा 11 केवी के 349 फीडर में ब्रेकडाउन हुआ।

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