जानिए कैसे होते हैं मेष राशि के लोग, और कैसा होता है स्वभाव

- in धर्म

ज्योतिष में तीन राशियां अग्नि तत्व की राशियां मानी जाती हैं. ये राशियां हैं – मेष, सिंह और धनु. इन राशियों के अंदर ऊर्जा और अग्नि काफी मात्रा में होती है. इन राशियों के लिए सूर्य सबसे महत्वपूर्ण होता है. ये राशियां साहस, नेतृत्व और क्रोध की राशियां मानी जाती हैं.

जानिए कैसे होते हैं मेष राशि के लोग, और कैसा होता है स्वभावक्या आपको मेष राशि के जातकों के व्यक्तित्व और स्वभाव के बारे में पता है? सभी राशियों में प्रथम मेष राशि के जातकों में नेतृत्व की गजब क्षमता, इंडिविजुअलिटी की प्रबल भावना होती है.  अगर आप अपनी लाइफ में किसी ऐसे शख्स से मिले हैं जो बिल्कुल निडर, स्पष्टवादी लगा हो, तो शायद उस शख्स की राशि मेष राशि ही रही होगी.

आइए पहले जानते हैं मेष राशि के जातकों के स्वभाव की खूबियां…

मेष राशि के जातकों को बदलाव पसंद होता है. इस राशि के जातक उत्सुक, ऊर्जावान और उत्साही प्रकृति के होते हैं जो अक्सर शुरुआत करने वालों में से होते हैं.

ऐडवेंचरस-

मेष राशि के अधिकतर जातकों में यह सबसे आम बात है कि ये जोखिम उठाने वाले होते हैं. इन्हें खतरों से कोई डर नहीं लगता है.

मेष राशि के जातक बहुत ही साहसी किस्म के होते हैं. परिस्थिति कितनी भी कठिन हो, मेष राशि के लोग चुनौतियों का सामना करने से बिल्कुल घबराते नहीं हैं.

बहुमुखी प्रतिभा के धनी-

ये जीवन में प्रयोग करने के आदी होते हैं और इसी वजह से ये बहुमुखी प्रतिभा वाले होते हैं.

जिंदादिल-

मेष राशि के लोगों का ऊर्जा स्तर हमेशा ऊंचा रहता है. आप इन्हें कभी थका हुआ नहीं पाएंगे. अगर ये आपके आस-पास हैं तो फिर ये अपनी मौजूदगी से पूरे माहौल में चमक बिखेर देंगे.

अगर इन्हें किसी चीज में दिलचस्पी होती है चाहे वह रिलेशनशिप हो या प्रोजेक्ट, ये पूरी तरह पैशनेट होकर उसे करते हैं.

मेष राशि के जातकों के गुणों की तो बात कर ली अब आते हैं इनकी कमियों पर-

एरोगेंट-

ये कई बार ऐरोगेंट हो जाते हैं. इन्हें लगता है कि ये जो कुछ जानते और समझते हैं वही सही है और इसी वजह से दूसरों की भावनाओं और राय के प्रति थोड़े असंवेदनशील हो जाते हैं.

जिद्दी-

मेष राशि के जातकों की दूसरी सबसे बड़ी कमी होती है उनका जिद्दीपन. इनका जिद्दी होना इनका सबसे बड़ा अवगुण है.

बेसब्र और जल्दी आपा खोने वाले-

ये बेसब्र भी होते हैं और अपना आपा भी बहुत जल्दी खो देते हैं. ये एक मिनट रुककर सोचे बिना निष्कर्ष पर पहुंच जाते हैं और फैसला ले लेते हैं.

अनुशासनहीन-

भले ही मेष राशि के जातक बहुत ही सक्रिय और ऊर्जा से भरपूर होते हैं लेकिन इनकी ऊर्जा कई दिशाओं में बिखरी होती है. इन्हें अपने जीवन में सफल होने के लिए अपनी ऊर्जा एक दिशा में लगाने की जरूरत होती है.

टकराव-

कई बार इनका लोगों से टकराव हो जाता है. कई बार ये अपने रिश्तों को खुद ही कमजोर कर देते हैं.

चीजों को बीच में छोड़ देने की आदत-

मेष राशि के जातक किसी एक प्रोजेक्ट पर बहुत समय तक टिके नहीं रह सकते हैं. ये कई बार इन चीजों को बीच में ही छोड़ देते हैं ताकि ये दू़सरी चुनौतीपूर्ण चीज में अपने हाथ में आजमा सके.

 

You may also like

एक बार महादेवजी धरती पर आये, फिर जो हुआ उसे सुनकर नहीं होगा यकीन…

एक बार महादेवजी धरती पर आये । चलते