कई बीमारियों से भी बचाती है स्ट्राबेरी, जानिए कैसे…

- in हेल्थ

स्‍ट्रॉबेरी एक ऐसा फल है जिसमें कई रोगों का समाधान छिपा है। स्‍ट्रॉबेरी में भरपूर मात्रा में विटामिन सी होता है जो इम्‍यूनिटी को बूस्‍ट करने में मदद करता है। इसके लाल रंग में एंथोस्यानिंस होता है जो फैट को कम करने में मदद करता है। एक कप में सिर्फ 54 कैलोरीज होती है इसका मतलब वजन घटाने के लिए परफेक्‍ट होता है। स्‍ट्रॉबेरी हेल्‍दी होता है, क्‍योंकि इसमें ढ़ेर सारा एंटीऑक्‍सीडेंट्स होता है। विटामिन सी होने के नाते यह त्‍वचा में कोलेजन अधिक पैदा करती है जो कि त्‍वचा में खिंचाव पैदा करता है। उम्र के साथ कोलेजन नष्‍ट होता जाता है और चेहरे पर झुर्रिया पड़ने लगती है इसलिये विटामिन सी से भरे फल खाइये। पोषक तत्‍वों से भरपूर होने के कारण यह आपकी मेमोरी को तेज करता है। इसमें पोटैशियम होता है जो कि हार्ट अटैक और स्‍ट्रोक के खतरे को कम करता है। साथ ही इस फल में फोलेट होता है जो लाल रक्‍त कोशिकाओं का निर्माण करता है। कई बीमारियों से भी बचाती है स्ट्राबेरी, जानिए कैसे...कब्ज के लिए स्ट्राबेरी
आज के समय में कब्ज एक ऐसी समस्या है जिसकी चपेट में लगभग 80 प्रतिशत लोग हैं। सुनने में भले ही यह रोग मामूली लगे लेकिन इसके परिणाम बहुत खतरनाक हो सकते हैं। शौच जाने पर मल सख्त हो या उसे निकलने में बहुत जोर लगाना पड़े या फिर मल की प्रकृति सामान्य न हो, तो इसे कब्ज कहा जाता है। रसौली (आंत में गांठ) किसी वजह से आंत में रुकावट आने, खान-पान संबंधी या फिर कई अन्य कारणों से भी कब्ज हो जाती है। कब्ज शुरू होने पर पेट में तेज दर्द होता है या पेट फूल जाता है। हालांकि कब्ज की समस्या में स्ट्राबेरी का सेवन बहुत फायदेमंद होता है। इसे रोज खाने से पाचन क्रिया ठीक रहती है। स्ट्रॉबेरी में मौजूद फाइबर का सेवन पाचन क्रिया को दुरुस्त रखता है। जिसके चलते एसिडिटी, कब्ज, अपच और गैस जैसी समस्या दूर रहती है।

कब्ज होने के मुख्य कारण
एस्पिरिन और आईब्रूफिन ऐसे पेनकिलर्स हैं, जो व्यसकों में कब्ज की समस्या का कारण बन सकते हैं। क्‍योंकि दवाई में कैल्‍शियम और एल्यूमीनियम के घटक होते हैं।

कुछ लोगों को मिल्क प्रोडक्ट जैसे, दूध, दही और दूध से बनने वाले प्रोडक्ट हजम नहीं होते। इससे उन्हें कब्ज की समस्या हो जाती है और कई बार तो उन्हें डायरिया भी हो जाता है।

जिन लोगों की थायराइड ग्रंथी ठीक प्रकार से काम नहीं करती, उनका मेटाबॉलिज्म कमज़ोर हो जाता है। हाइपोथायराइडिज्म वाले लोगों को अनियमित रूप से खाया गया खाना आराम से नहीं पच पाता है और कब्ज की शिकायत हो जाती है।

बेहतर सेहत के लिये हम सभी विटामिन का सेवन करते हैं। लेकिन यदि ये असंतुलित मात्रा में भीतर जाते हैं तो हमारे शरीर में प्रतिक्रिया करने लगते हैं और कब्ज जैसी समस्या पैदा हो जाती है।

नियमित एक्सरसाइज करने से शरीर में मल को निकालने वाला पदार्थ, म्यूकस बनता है। लेकिन जब हम एक्सरसाइज नहीं करते और निष्क्रीय जीवन जीते हैं तो यह बनना बंद हो जाता है, जिससे कब्ज हो जाती है।

स्ट्राबेरी के अन्य फायदे
विटामिन बी और सी के गुणों से भरपूर स्ट्रॉबेरी का सेवन इम्यून सिस्टम को बढ़ाने में मदद करता है।
स्ट्राबेरी में मौजूद एंजाइम आंखों की रोशनी बढ़ाने में भी मददगार है।
स्‍ट्रॉबेरी में मौजूद एंटीऑक्‍सीडेंट, फ्लेवोनॉयड, और विटामिन सी शरीर में कैंसर सेल्स को खत्म करने में मदद करते हैं।
स्ट्राबेरी में मौजूद फ्लेवोनॉयड्स और एंटीऑक्सीडेंट्स शरीर का बैड कॉलेस्ट्रॉल से भी बचाते हैं।
लो कैलोरी फूड एक कप स्ट्रॉबेरी में 53 कैलोरी होती है। स्ट्राबेरी में भरपूर मात्रा में फाइबर होता है, जिससे इसको खाने के बाद काफी देर तक पेट भरा रहता है।

You may also like

डेंगू से उबरने में यह सब्जी करती है रामबाण का काम

बदलते मौसम और पनपते मच्छरों की वजह से