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आज की उत्तर प्रदेश से 20 बड़ी खबरें : पढ़ें विस्तार से एक ही पेज पर

मानसिक रूप से विक्षिप्त ने की हत्या 

सीतापुर । मानसिक रूप से विक्षिप्त एक व्यक्ति ने एक अन्य व्यक्ति की हत्या कर दी जबकि एक को घायल कर दिया। घटना कमलापुर थानाक्षेत्र के जलालपुर गांव की है। जानकारी के मुताबिक बेटे की मौत के बाद से मानसिक रूप से विक्षिप्त चल रहे सुरजीत ने बीती शाम सचिन यादव (25) की गोली मारकर हत्या कर दी। सुरजीत ने लाइसेंसी राइफल से फायर किया था, फायरिंग में लाल्तू घायल हो गया। आरोपी को पकड लिया गया है।

 चिन्मयानंद के खिलाफ जमानती वारंट

शाहजहांपुर । पूर्व गृह राज्य मंत्री स्वामी चिन्मयानंद पर चल रहे बंधक बनाकर दुष्कर्म करने के मामले में स्थानीय अदालत ने राज्य सरकार की मुकदमा वापस लेने की अर्जी को खारिज करते हुए जमानती वारंट जारी किया है। सरस्वती पर यहां की अदालत में अपनी शिष्या को बंधक बनाकर रखने एवं दुष्कर्म करने के मामले को खत्म करने के लिए प्रदेश सरकार ने जिलाधिकारी को एक पत्र भेजा था जो जिला प्रशासन की ओर से न्यायालय भेजा गया था जिसमें 15 मई की तारीख लगी थी।

उधर पीड़िता को जैसे ही यह भनक लगी तो उन्होंने अदालत को पत्र भेजकर अपनी आपत्ति जाहिर की थी जिसके बाद कल 24 मई को पीड़िता की ओर से लिखित में आपत्ति दाखिल की गई। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) शिखा प्रधान की अदालत ने पीड़िता की अर्जी पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार की ओर से मुकदमा वापस लेने की अर्जी को खारिज कर दिया है। अदालत ने पीड़िता की ओर से दी गई अर्जी को मानते हुए मुकदमा चलाने की अनुमति भी दी है साथ ही स्वामी चिन्मयानंद के विरुद्ध जमानती वारंट भी जारी किया है। अदालत ने स्वामी चिन्मयानंद को अगली तारीख पर अदालत में हाजिर होने का भी आदेश दिया है।

गौरतलब है कि पीडिता ने 30 नवंबर 2011 को शहर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था जिसमें कहा था कि स्वामी चिन्मयानंद ने उन्हें बंधक बनाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था जिसके बाद चिन्मयानंद उच्च न्यायालय से स्थगन आदेश ले आए थे और उच्च न्यायालय का आदेश समाप्त होते ही राज्य सरकार ने मुकदमा वापस करने की प्रक्रिया शुरू कर दी थी जिसे कोर्ट ने निरस्त कर दिया है।

झूठे आरोपों से त्रस्त भाजपा विधायक आत्महत्या के इच्छुक 

शाहजहांपुर । सूबे में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी विधायक रोशन लाल वर्मा ने पुत्र द्वारा दुराचार तथा जमीन पर कब्जे समेत कई गंभीर आरोपों को झूठ करार देते हुए कहा है कि वह झूठे आरोपों से इतना टूट गए हैं कि उन्हें आत्महत्या कर लेनी चाहिए।

तिलहर क्षेत्र के भाजपा विधायक वर्मा के मुताबिक समाजवादी पार्टी के लोग राजनीति करके उन पर अनर्गल आरोप लगवा रहे हैं तथा आरोप लगाने वाले आत्मदाह की धमकी दे रहे हैं। इन झूठे आरोपों के चलते हमें मानसिक रुप से परेशान किया जा रहा है जिससे कहीं ना कहीं जनता का ही नुकसान हो रहा है। उन्होंने कहा कि मैं तीन बार से लगातार विधायक हूं। यह समाजवादी पार्टी के लोगों को रास नहीं आ रहा है और हमारी छवि धूमिल करने के लिए ही हम पर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं। इसके अलावा मैंने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से भी कहा है कि मेरी जांच करवा लें जीत सत्य की ही होगी।

विदित हो कि निगोही क्षेत्र की 28 वर्षीय एक महिला ने 2011 में आरोप लगाया था कि विधायक के पुत्र मनोज वर्मा ने उसका अपहरण कर उसे बंधक बनाकर दुष्कर्म किया था। जिस गाड़ी से अपहरण किया गया था उसमें विधायक भी बैठे थे। इस प्रकरण में सीबीसीआईडी ने विधायक व उनके पुत्र को क्लीन चिट दे दी थी वहीं पीड़िता लगातार न्याय के लिए लड़ती रही। नतीजतन अब प्रकरण की जांच नए सिरे से शुरू कर दी गई है।

पीड़िता लगातार विधायक व उनके पुत्र की गिरफ्तारी की मांग कर रही है। 21 मई को प्रस्तावित पीड़िता के आत्मदाह के ऐलान को प्रशासन ने कड़ी मशक्कत कर पीड़िता से 10 दिन का वक्त और मांग लिया। अब आरोपी की गिरफ्तारी न होने पर पीड़िता ने तीन जून को आत्मदाह का ऐलान किया है।

उधर, तिलहर क्षेत्र की महिला नीरू अपने पति के साथ कलेक्ट्रेट में 23 मई से धरने पर बैठ गई है। उसका आरोप है कि 33 बीघा जमीन पर विधायक रोशनलाल वर्मा ने कब्जा कर लिया है। पीड़िता नीरू का कहना है कि अगर उसकी जमीन को विधायक के कब्जे से मुक्त नहीं कराया गया तो वह सपरिवार आत्मदाह कर लेगी। प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए इस मामले की जांच के लिए दो सर्किलों के तहसीलदार लगाए हैं।

 दलित परिवार ने दी हिन्दू धर्म त्यागने की धमकी

बांदा । जिले के बिसंड़ा थाना क्षेत्र के तेंदुरा गांव में एक दलित परिवार ने सवर्णों के एक समूह के कथित उत्पीड़न से परेशान होकर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के समक्ष पेश होकर हिन्दू धर्म त्याग कर अन्य धर्म अपनाने की धमकी दी। आरोप है कि कल इस परिवार के घर में घुस कर सवर्णों के एक समूह ने चार महिलाओं को घायल कर दिया था।

दलित परिवार के मुखिया संतोष कोरी ने शुक्रवार को अपर जिलाधिकारी और अपर पुलिस अधीक्षक के समक्ष पेश होकर आरोप लगाया कि उसका घर छीनने की नीयत से पड़ोस के एक सवर्ण परिवार ने उसके परिवार में कल उस समय महिलाओं पर हमला बोल दिया, जब घर में कोई पुरुष नहीं था। कोरी ने पुलिस पर मामला दर्ज नहीं करने का आरोप लगाया। दोनों अधिकारियों को दिए शिकायती पत्र में उसने कहा कि इसके पूर्व सवर्ण परिवार उसके ही परिवार के बंदरा, सेवका, चंद्रपाल, हेलवइया, मइयादीन को उनके घरों से निकाल कर भगा चुका है और उनके घरों पर कब्जा कर लिया है। सवर्णों के बीच सिर्फ उसका घर बचा है, जिसे पुलिस की मिली भगत से छीनने की कोशिश की जा रही है।

उसने कहा कि यदि आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी न हुई तो उसका 24 सदस्यीय परिवार हिंदू धर्म का परित्याग कर अन्य धर्म ग्रहण कर लेगा। इस मामले में अपर जिलाधिकारी गंगाराम गुप्ता और अपर पुलिस अधीक्षक लाल भरत कुमार पाल ने कहा कि पुलिस क्षेत्राधिकारी बबेरू को जांच सौंपी गई है। किसी भी दशा में दोषी बख्शे नहीं जाएंगे। किसी भी दलित का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

 मोदी सरकार के फुस्स हुए वादे, जुमलों की सरकार-माले

लखनऊ । भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (माले) ने केंद्र में नरेंद्र मोदी सरकार के चार साल पूरे होने की पूर्व संध्या पर कहा है कि जनता से किये वादों और अपेक्षाओं को पूरा न कर पाने के कारण सरकार अपनी विश्वसनीयता खो चुकी है। साथ ही, पेट्रोल-डीजल के जरिये सरकार अब जनता को लूटने में लग गई है।

पार्टी राज्य सचिव सुधाकर यादव ने शुक्रवार को यहां जारी बयान में कहा कि बड़ा वादा खुशहाली (अच्छे दिन) लाने का था, लेकिन अच्छे दिन धन्नासेठों के आए हैं। जनता के हिस्से में भुखमरी, कुपोषण और बेरोजगारी मिली है। काला धन न वापस आया, न हर देशवासी के खाते में 15 लाख आये। बल्कि देशवासियों की मेहनत की छोटी-छोटी बचतों का बैंकों में जमा अरबों रुपया मोदी सरकार की कृपा से प्रभावशाली लोग हड़पकर विदेश भाग गए। उन्होंने कहा कि कर्ज में फंसे किसान आत्महत्या कर रहे हैं, लेकिन हजारों करोड़ों की कर्जमाफी पूंजीपतियों-उद्योगपतियों की हुई। देश के दुर्लभ प्राकृतिक संसाधनों की बोली तो लगाई ही गई, लाल किला जैसे ऐतिहासिक धरोहर को भी पूंजीपतियों को सौंप दिया गया है। माले नेता ने कहा कि वर्ष में दो करोड़ रोजगार देने का वादा तो एकदम फुस्स हो गया। जो रोजगार थे भी, नोटबंदी जैसे आत्मघाती फैसलों ने नष्ट किया। अब प्रधानमंत्री और उनकी पार्टी के नेता युवाओं को पकौड़ा बेचने और पान की दुकान खोल लेने को कह रहे हैं। इसी तरह, जोरशोर से खोले गए जनधन खातों का अब नाम भी नहीं लिया जाता। इसे जुमलों की सरकार कहना अनुचित न होगा। राज्य सचिव ने कहा कि मोदी सरकार में संघ-भाजपा को अपना फासीवादी एजेंडा लागू करने की खुली छूट मिली हुई है। लोकतंत्र, न्याय प्रणाली से लेकर साझी संस्कृति तक सब खतरे में है। गुजरे चार सालों में यह लूट और झूठ की सरकार साबित हुई है।

 ट्रक ने बाइक सवार तीन मजदूरों को कुचला, तीनों की मौत

फतेहपुर । जिले में एक बाइक पर सवार तीन मजदूरों को शुक्रवार सुबह ट्रक ने कुचल दिया। तीनों फैक्ट्री काम पर जा रहे थे। दुर्घटना में तीनों की मौत हो गई है। हादसा मुगलमार्ग स्थित गंगरावल के पास हुआ है।

जानकारी के अनुसार बकेवर थाना क्षेत्र के कश्मीरीपुर गांव निवासी नसीम, हेमंत और अफसर चैडगरा स्थित एक फैक्ट्री में मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। शुक्रवार की सुबह रोज की तरह एक ही बाइक सें तीनों काम के लिए फैक्ट्री जाने के लिए निकले, बकेवर के मुगलमार्ग स्थित गंगरावल के पास जहानाबाद की ओर से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही बाइक सवार तीनों युवक गिरकर ट्रक की चपेट में आ गये। हादसा देख स्थानीय लोग मदद के लिए मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक नसीम और हेमंत की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। वहीं अफसर की सांसें चलती देख उसे बिंदकी सीएचसी पहुंचाया गया। जहां इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गयी। हादसे के बाद चालक ट्रक छोड़ कर मौके से फरार हो गया।

 मायावती का बंगला बचाने के लिए योगी से लगायी गुहार 

लखनऊ । बहुजन समाज पार्टी की मुखिया एवं उप्र की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती को आवंटित सरकारी बंगला ना छोड़ना पडे इसलिए बसपा के एक प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर कहा कि बंगले को 2011 में कांशीराम स्मारक बना दिया गया था।

विदित हो कि बसपा ने 21 मई को सरकारी बंगले के बाहर बोर्ड लगा दिया, जिस पर ‘श्री कांशीराम जी यादगार विश्राम स्थल’ अंकित है। उच्चतम न्यायालय के आदेश के अनुरूप राज्य संपत्ति विभाग ने बंगला खाली कराने का नोटिस दिया था, जिसके बाद  उक्त बोर्ड लगाया गया।

पार्टी महासचिव सतीश मिश्र के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल योगी से मिला। मिश्र ने बताया कि 13 जनवरी 2011 को कैबिनेट के फैसले में उक्त बंगले को कांशीराम स्मारक बना दिया गया था। मिश्र ने कहा कि नोटिस 13-ए माल एवेन्यू को खाली कराने का मिला है जो मायावती के नाम नहीं आवंटित है जबकि पूर्व मुख्यमंत्री के रूप में उन्हें छह, लाल बहादुर शास्त्री मार्ग, का बंगला आवंटित है, जिसके लिए कोई नोटिस नहीं मिला। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को सभी आवश्यक दस्तावेज सौंप दिये हैं। 13-ए माल एवेन्यू के दो कमरे में ही मायावती रहती हैं। मायावती को बंगले के छोटे से हिस्से में रहने देने की अनुमति का आग्रह किया गया है। प्रतिनिधिमंडल में शामिल एक सदस्य ने बताया कि मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया है कि वह इस मामले को देखेंगे।

विदित हो कि उच्चतम न्यायालय के आदेश पर राज्य संपत्ति अधिकारी ने पूर्व मुख्यमंत्रियों को 15 दिन के भीतर बंगले खाली करने का नोटिस जारी किया था। राज्य संपत्ति विभाग के अभिलेखों में 13-ए, माल एवेन्यू स्थित बंगला बतौर पूर्व मुख्यमंत्री मायावती को आवंटित है। उल्लेखनीय है कि बीते सात मई को उच्चतम न्यायालय ने आदेश दिया था कि उत्तर प्रदेश में पूर्व मुख्यमंत्रियों को अब सरकारी बंगले खाली करने होंगे।

 विधायकों को धमकियों से घबराने की जरूरत नहीं-डीजीपी

बरेली । उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक ओपी सिंह ने विधायकों को मिल रही धमकियों पर कहा है कि धमकियों से घबराने की जरुरत नहीं है। प्रदेश के विधायकों को ही नहीं बल्कि देश में कई जगहों पर नामचीन लोगों को घमकियां मिली हैं। धमकी पाने वालों में गैर विधायक भी शामिल हैं। हम उत्तर प्रदेश के पुलिस इन्टेलीजेंस के अलावा कई गुप्तचर संगठनों के सम्पर्क में हैं। काम हो रहा है। जल्द धमकियों को वर्कआउट कर लिया जायेगा।

पुलिस महानिदेशक यहां ई-चालान पेमेन्ट सुविधा का उदघाटन करने के बाद पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्होंने बताया कि हम पुलिस को ‘टेक्नालाजी और ट्रेडीशन’ से जोड़ना चाहते हैं ताकि लोगों का पुलिस के प्रति मजबूत विश्वास कायम हो। एनआरआई से जुडे सवाल पर उन्होंने बताया कि यूपी पुलिस को डिजिटल प्लेटफार्म पर लाना चाह रहे हैं। उन्होंने बताया कि अगले वर्ष इलाहाबाद में होने वाले कुम्भ में यूपी पुलिस स्मार्ट पुलिस दिखायी देगी। इलाहाबाद में कुम्भ में पुलिस स्मार्ट तरीके से काम करेगी।

इलाहाबाद में हुए वकील हत्याकांड का खुलासा, तीन गिरफ्तार 

लखनऊ । इलाहाबाद में दिनदहाड़े हुई वकील राजेश श्रीवास्तव हत्याकांड का उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने शुक्रवार को खुलासा करने का दावा किया है। अपर पुलिस महानिदेशक कानून-व्यवस्था आनंद कुमार ने यहां संवाददाताओं को बताया कि वकील की हत्या क्राउन प्लाजा होटल के मालिक प्रदीप जायसवाल ने भाड़े के शूटरों से कराई थी।

एसटीएफ ने प्रतागपढ़ से शूटर विशाल समेत तीन को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं उसके एक अन्य साथी रईस की तलाश की जा रही है। कुमार ने बताया कि जेल में बंद जायसवाल के करीबी घनश्याम अग्रहरि और अंजनी लाल श्रीवास्तव ने वकील की हत्या के लिए शार्प शूटर जुटाए थे। उन्होंने बताया कि पकड़े गए विशाल ने राजेश श्रीवास्तव को गोली मारी थी। जबकि मोहम्मद रईस बाइक चला रहा था। बाइक भी चोरी की थी। राजेश की हत्या को अंजाम देने से पहले हत्यारों ने तीन दिन तक उसकी रेकी की थी। इन तीन दिनों तक उन लोगों ने उसका लगातार पीछा किया और उस पर नजर रखी। राजेश के घर के बाहर शमशाद नजर रख रहा था।

एसटीएफ का कहना है कि प्रदीप का होटल नाले के ऊपर अवैध कब्जा करके बनाया जा रहा था। राजेश उसका विरोध कर रहा था। इसी बात से प्रदीप नाराज था और उसने राजेश की हत्या की साजिश रच डाली। हत्याकांड में छह लोग शामिल थे इनमें से चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है जबकि दो लोग अंजनी लाल श्रीवास्तव और घनश्याम अग्रहरी अभी भी फरार हैं। विदित हो कि वकील राजेश अपनी बाइक से डिस्ट्रिक्ट कोर्ट जा रहे थे। उसी वक्त बदमाशों ने उन पर हमला कर दिया। गोली लगने के बाद उन्हें आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

 कांग्रेस आज मनायेगी ‘विष्वासघात दिवस’

लखनऊ । केन्द्र की मोदी सरकार की चार वर्ष की विफलताओं को उजागर करने, पेट्रोलियम पदार्थों में हुई ऐतिहासिक वृद्धि, भ्रष्टाचार, वादाखिलाफी एवं जनविरोधी नीतियों के विरूद्ध कल कांग्रेस पार्टी राष्ट्रव्यापी ‘‘विश्वासघात दिवस’’ मनायेगी। जिसके तहत प्रदेश भर के जिला मुख्यालयों पर जिला-शहर कांग्रेस कमेटियों द्वारा विरोध-प्रदर्शन किया जायेगा। प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता कृष्णकान्त पाण्डेय ने बताया कि इसी क्रम में कल 26 मई को राजधानी लखनऊ में जिला एवं शहर कांग्रेस कमेटी लखनऊ के तत्वावधान में सभी पार्टी कार्यकर्ता प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजबब्बर के नेतृत्व में कैसरबाग पर मध्यान्ह 12 बजे एकत्र होंगे और कलेक्ट्रेट तक विरोध मार्च करेंगे।

अभियान चलाकर बाल श्रम को रोकने के निर्देष

श्रावस्ती । समेकित बाल संरक्षण योजना की बैठक की गई जिसमें बाल विवाह, बाल श्रम रोकने पर विशेष बल दिया गया। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम-2006 के प्राविधानों के विरूद्ध 18 वर्ष से कम आयु लड़की व 21 वर्ष से कम आयु लड़के की विवाह करता है तो उक्त अधिनियम के अन्तर्गत दो वर्ष की सजा, एक लाख का जुर्माना किया जायगा।

जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारी एवं खण्ड विकास अधिकारियों सेे जनपद में चल रहे प्रिन्टिंग प्रेस संचालकों एवं जन सेवा केन्द्रों के साथ बैठक करने की स्थित के बारे में जानकारी ली जिस पर ज्ञात हुआ कि अभी तक बैठक का संचालन नही किया गया जिस पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी जताई तथा निर्देश दिया कि ग्रामीण क्षेत्रों में बाल विवाह का प्रचलन काफी अधिक है। बाल विवाह केवल दुष्परिणाम ही होते हैं जिसमें सबसे घातक शिशु व माता की मृत्यु दर में वृद्धि होना है। शारीरिक व मानसिक विकास पूर्ण न होने के कारण कई प्रकार की कठिनाईया उत्पन्न होती हैं। बाल विवाह होने के कई कारण है लड़की की शादी को माता पिता द्वारा अपने ऊपर एक बोछ समझना, शिक्षा का अभाव, रूढिवादिता का होना, अन्धविश्वास व निम्न आर्थिक स्थिति। बाल विवाह को रोकने में प्रिंटिग प्रेस की महत्वपूर्ण भूमिका हो सकती है। जिलाधिकारी ने समस्त उप जिलाधिकारी, समस्त खण्ड विकास अधिकारी को निर्देश दिया है कि अपने-अपने क्षेत्रों में संचालित समस्त प्रिंटिग प्रेस संचालकों की एक बैठक आहूत कर उन्हे बाल विवाह पर रोकथाम में सहयोग के लिए प्रेरित करें। प्रेस संचालकों को यह जिम्मेदारी दी जाए कि वैवाहिक कार्यक्रम से सम्बन्धित दस्तावेज दोनो पक्षों के अभिभावकों से प्राप्त कर यह जानकारी लें कि वर-वधू शादी के लिए निर्धारित आयु पूर्ण कर चुके हों, वैवाहिक कार्यक्रम के पूर्व वर तथा वधू पक्ष से छपने वाले निमंत्रण पत्रों पर घोषणा अनिवार्य रूप से अकिंत कराई जाए कि लड़के की आयु 21 वर्ष तथा लड़की की आयु 18 वर्ष पूर्ण हो चुकी है।

इन्वेस्टर्स समिट में हुए एमओयू में और अधिक गति लाने के निर्देष 

लखनऊ। मुख्य सचिव राजीव कुमार ने प्रदेश में उद्योग को बढ़ावा देने के लिए इन्वेस्टर्स समिट में प्राप्त प्रस्तावों से सम्बन्धित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि जिन विभागों में नियमानुसार आवश्यक पाॅलिसी अभी तक नहीं बनी है वह विभाग आगामी 05 जून के मंत्रिमण्डल बैठक में सम्बन्धित विभागों से परामर्श प्राप्त करने के उपरान्त ही अनुमोदन अवश्य प्रस्तुत करा दें। उन्होंने यह भी निर्देश दिये कि इन्वेस्टर्स समिट में किये गये एमओयू के अनुसार सम्बन्धित विभागों को आवश्यक कार्यवाहियां प्राथमिकता से सुनिश्चित कराकर अपनी प्रगति से औद्योगिक विकास आयुक्त को अवगत कराएं।

मुख्य सचिव शुक्रवार को यहां इन्वेस्टर्स समिट के दौरान हुए एमओयू तथा औद्योगिक विकास को गति प्रदान करने की दृष्टि से विभिन्न विभागों द्वारा फाॅलोअप कार्यवाही समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दे रहे थे। बैठक में औद्योगिक विकास आयुक्त डाॅ. अनूप चन्द्र पाण्डेय ने बताया कि इन्वेस्टर्स समिट के दौरान हुए एमओयू में और अधिक गति लाने के लिए निवेशकों को लेटर आॅफ कम्फर्ट जारी करने के उद्देश्य से एक डेडीकेटेड सेल के गठन का प्रस्ताव तैयार कराया जा रहा है जिसमें पिकप के अधिकारियों सहित सम्बन्धित विभागों के अनुभवी अधिकारियों को भी रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि यह भी व्यवस्था की गयी है कि किये गये एमओयू में और अधिक गति लाने हेतु एमओयू ट्रैकर साॅफ्टवेयर के माध्यम से कार्यों को निष्पादित कराने हेतु सम्बन्धित विभागों को निर्देश दिए गए हैं।

बैठक में अपर मुख्य सचिव, आई.टी. संजीव सरन, प्रमुख सचिव, खाद्यी एवं ग्रामोद्योग नवनीत सहगल, प्रमुख सचिव, सूचना एवं पर्यटन अवनीश कुमार अवस्थी, प्रमुख सचिव, परिवहन श्रीमती अराधना शुक्ला, प्रमुख सचिव, आवास नितिन रमेश गोकर्ण, सचिव औद्योगिक विकास संतोष कुमार एवं एमपी अग्रवाल तथा सचिव सूक्ष्म एवं लद्यु उद्योग भुवनेश कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।

गाजियाबाद में मेट्रो रेल विस्तारीकरण की जल्द हो कार्यवाही 

लखनऊ । मुख्य सचिव राजीव कुमार ने कहा कि प्रदेशवासियों को गाजियाबाद में बेहतर यातायात की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए गाजियाबाद शहर के वैशाली से मोहननगर तथा इलेक्ट्राॅनिक सिटी से साहिबाबाद तक दिल्ली मेट्रो रेल काॅर्पोरेशन (डीएमआरसी) द्वारा तैयार डीपीआर का नियमानुसार परीक्षण कराकर यथाशीघ्र आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करायी जाये। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित डीपीआर के अनुसार वैशाली से मोहननगर तक 5.06 किमी मेट्रो काॅरिडोर (एलीवेटेड) में 04 स्टेशन -प्रहलादगढ़ी, सेक्टर-14 वसुंधरा, साहिबाबाद एवं मोहननगर तथा इलेक्ट्राॅनिक सिटी (नोएडा सेक्टर-62) से साहिबाबाद तक 5.11 किमी मेट्रो काॅरिडोर (एलीवेटेड) में 05 स्टेशन-वैभवखंड, डीपीएस इन्दिरापुरम, शक्तिखण्ड, वसुंधरा सेक्टर-5 तथा साहिबाबाद का निर्माण कराया जायेगा। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित डीपीआर में मेट्रो काॅरिडोर का निर्माण आगामी 05 वर्ष अर्थात मार्च, 2022 तक पूर्ण कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

मुख्य सचिव शुक्रवार को यहां गाजियाबाद में मेट्रो रेल के विस्तारीकरण के सम्बन्ध में विभागीय अधिकारियों की बैठक कर आवश्यक निर्देश दे रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित मेट्रो रेल विस्तारीकरण के डीपीआर के अनुसार नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित कराने हेतु सम्बन्धित विभागों को अपने दायित्वों का निर्वहन प्राथमिकता से सुनिश्चित कराना होगा।

प्रमुख सचिव आवास नितिन रमेश गोकर्ण ने बताया कि प्रस्तावित मेट्रो काॅरिडोर में वैशाली से मोहननगर तक अनुमानित कुल निर्माण लागत 2162 करोड़ रुपये तथा इलेक्ट्राॅनिक सिटी (नोएडा सेक्टर-62) से साहिबाबाद तक अनुमानित कुल निर्माण लागत 1886 करोड़ रुपये आंकलित की गयी है। उन्होंने बताया कि प्रस्तावित डीपीआर में फंडिंग पैटर्न के अनुसार भारत सरकार द्वारा 20 प्रतिशत तथा राज्य सरकार द्वारा 80 प्रतिशत की धनराशि उपलब्ध कराये जाने का प्रस्ताव किया गया है। राज्य सरकार द्वारा 80 प्रतिशत की धनराशि में से प्रदेश के विभिन्न विभागों-गाजियाबाद विकास प्राधिकरण, गाजियाबाद नगर निगम, आवास विकास परिषद, यूपीएसआईडीसी द्वारा प्रस्तावित डीपीआर के अनुसार धनराशि उपलब्ध कराये जाने के लिए आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करानी होगी।

कैराना-नूरपुर में मुंह क्यों छिपा रहे हैं अखिलेष: पाण्डेय

लखनऊ । भारतीय जनता पार्टी प्रदेश अध्यक्ष डा. महेन्द्र नाथ पाण्डेय ने कहा है कि क्या लोकतंत्र अब फतवे से चलेगा ये विपक्ष की हताशा का परिणाम है और एक धर्म विशेष के वोटरों को धु्रवीकरण कराने का कुत्सित प्रयास है। लोकदल के प्रत्याशी के पक्ष में फतवा जारी किया गया। उन्होंने लोकदल के प्रत्याशी कंवर हसन को प्रलोभन देकर राष्ट्रीय लोकदल की प्रत्याशी के पक्ष में बैठाया गया है। वो क्या कारण है कि अखिलेश यादव कैराना और नूरपुर की जनता से मुॅह छुपाते छूम रहे है। अपना प्रत्याशी राष्ट्रीय लोकदल के चुनाव चिन्ह से लड़ा रहे है। आरएलडी का उपयोग शिखण्डी के रूप में किया जा रहा है। क्यों कि अखिलेश यादव के हाथ मुजफ्फरनगर दंगों में निर्दोषो के खून से सने हुए है।

डा. पाण्डेय ने यहां जारी बयान में कहा कि जनता जानती है कि मुजफ्फरनगर दंगों के आरोपियों को चार्टर हवाई जहाज भेज कर अखिलेश यादव ने लखनऊ बुलाकर जो उनका खैर मकदम किया था वो जनता भूली नहीं है। कैराना में जब साम्प्रदायिक धु्रवीकरण करके पलायन कराया गया था। वो भी जनता अभी भूली नहीं है। भारतीय जनता पार्टी के ही कार्यकर्ता धार्मिक धु्रवीकरण के सामने डटकर मुजफ्फरनगर एवं कैराना में खड़े हुए थे। कहाॅ थे उस समय राष्ट्रीय लोकदल के नेता जो आज बड़ी-बड़ी बाते कर रहे है। तबस्सुम हसन और उसका परिवार उस समय किसकों संरक्षण दे रहा था।

कांग्रेस एमएलसी ने बैलगाडी के लिए वाहन पास मांगा

लखनऊ । पेट्रोल डीजल कीमतों में बढ़ोतरी के विरोध कांग्रेस के विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) ने अनूठे तरीके से किया। उन्होंने शुक्रवार को विधान परिषद के प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर बैलगाडी के लिए वाहन पास जारी करने की मांग की।

पत्र में एमएलसी दीपक सिंह ने कहा कि मौजूदा भाजपा सरकार पेट्रोल डीजल की बढती कीमतें रोकने में विफल रही है इसलिए उन्हें विधान भवन आने जाने के लिए बैलगाडी का पास जारी किया जाए। उन्होंने पत्र में कहा कि वह बैलगाडी से पार्टी के अन्य सदस्यों को भी लाएंगे। पिछले साल भाजपा विधायक जवाहर लाल राजपूत बैलगाडी से विधानसभा पहुंचे थे। वह अपने गांव के किसानों की आवाज उठाना चाहते थे।

 24 साल बाद हत्यारोपियों को मिला आजीवन करावास व अर्थदंड

आजमगढ़ । जिले के अहिरौला थाना क्षेत्र के लदौरा गांव में 24 वर्ष पहले हुई एक व्यक्ति की गोली मारकर हत्या किये जाने के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट दो ने शुक्रवार को दो आरोपियों को आजीवन कारावास और दस-दस हजार रूपये अर्थदंड की सजा सुनाई ।

अभियोजन के अनुसार वादी मुकदमा बसंतलाल पुत्र स्वर्गीय बालेश्वर राम निवासी लेदौरा थाना अहिरौला पांच मार्च 1994 को करीब बजे शाम अपने भाई शांता राम तथा सभाजीत तिवारी पुत्र अंबिका तिवारी के साथ लेदौरा स्थित जूनियर हाई स्कूल से आजमगढ़ शहर जा रहे थे। रास्ते में भवानी पट्टी मुसहर कॉलोनी के पास यामाहा सवार दो लोगों ने इन लोगों को रोक लिया और शांताराम को गोली मार दी जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। जांच के दौरान यह तथ्य पुलिस के सामने आया कि सभाजीत तिवारी ने विद्यालय के मैनेजर के विवाद में दधिबल राम पुत्र रमाई निवासी बनकट थाना अहिरौला व मंगलदेव पुत्र चिनगी निवासी कुठरा थाना अहिरौला से यह हत्या कराई। पुलिस ने तीनों आरोपियों सभाजीत, मंगलदेव व् दधिबल के विरुद्ध चार्जशीट न्यायालय में पेश किया। गवाहो के बयानों और दोनों पक्षों की दलीले सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर दो संतोष कुमार तिवारी ने दो आरोपियों दधिबल राम व मंगलदेव को आजीवन कारावास और दस-दस हजार रूपये जुर्माने की सजा सुनाई। जबकि तीसरे आरोपी की मुकदमें के दौरान मौत हो गयी थी।

अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में पढ़ायेंगे रिटायर्ड षिक्षक 

लखनऊ । प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापक एवं प्रवक्ता के रिक्त पदों पर ऐसे सेवानिवृत्त सहायक अध्यापकों जिनकी आयु 70 वर्ष से कम हो, उनसे वैकल्पिक व्यवस्था के तहत मानदेय के आधार पर शिक्षण कार्य कराए जाने का निर्णय लिया गया है इस वैकल्पिक व्यवस्था के तहत रखे गए सेवानिवृत्त अध्यापकों से उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड से चयनित अभ्यर्थी के आने तक अथवा एक जुलाई से, ग्रीष्म अवकाश होने की अवधि तक जो भी पहले घटित हो, तक शिक्षण कार्य लिया जाएगा। मानदेय के रूप में ऐसे सहायक अध्यापकों एवं प्रवक्ताओं को प्रतिमाह क्रमशः 15 हजार तथा 20 हजार रूपए दिए जाएंगे। यह जानकारी शुक्रवार को यहां माध्यमिक शिक्षा निदेशक साहब सिंह निरंजन ने दी।

सरकार द्वारा लिए गए निर्णय के अनुसार सेवानिवृत्त सहायक अध्यापक, प्रवक्ताओं के पूल गठन हेतु जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा सेवानिवृत्त सहायक अध्यापकों, प्रवक्ताओं से प्रत्येक वर्ष एक अप्रैल से 20 अप्रैल तक आवेदन प्राप्त कर पूल का गठन किया जाएगा। जनपद स्तर पर सेवानिवृत्त सहायक अध्यापक, प्रवक्ता पूल को माध्यमिक शिक्षा परिषद, उत्तर प्रदेश की वेबसाइट पर भी प्रदर्शित किया जाएगा तथा जनपद में किसी भी विद्यालय में सहायक अध्यापकध्प्रवक्ता की अल्पकालिक रूप से जब कभी आवश्यकता होगी प्रबंध, प्रबंध समिति की मांग पर जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा पूल से शिक्षण कार्य सेवानिवृत्त सहायक अध्यापक, प्रवक्ता उपलब्ध कराया जाएगा और उन शिक्षकों की नियुक्ति का अनुमोदन संबंधित जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा किया जाएगा। ऐसे सेवानिवृत्त सहायक अध्यापक, प्रवक्ता शैक्षिक सत्र के बीच में संस्था में कार्य पर लगाए जाने के पश्चात ग्रीष्मावकाश प्रारंभ होने तक कार्य करेंगे तथा शासन द्वारा अनुमन्य मानदेय का भुगतान जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा किया जाएगा।

अब तक 40 लाख मीट्रिक टन हुई गेहूँ खरीद

लखनऊ । मूल्य समर्थन योजना के अन्तर्गत प्रदेश में गेहूँ क्रय हेतु निर्धारित लक्ष्य 50 लाख मी. टन के विरूद्ध 40 लाख मी. टन से अधिक गेहूँ सात लाख से अधिक कृषकों से अब तक खरीदा गया है। यह जानकारी खाद्य आयुक्त आलोक कुमार ने देते हुए बताया कि क्रय केन्द्रों पर बिचैलिये सक्रिय होने, कृषकों को समय से भुगतान प्राप्त न होने आदि की शिकायतें प्राप्त होने पर जिलाधिकारी के माध्यम से गेहूँ क्रय का सत्यापन कराया गया व जिला खाद्य विपणन अधिकारी, सहायक निबन्धक, सहकारी समितियाँ व भाखानि के प्रबन्धक की कमेटी गठित कर पंजीकृत समितियों द्वारा की गयी गेहूँ क्रय की जाँच करायी गयी। जाँच में मल्टी स्टेट को-आॅपरेटिव सोसाइटी यथा-नैकाॅफ व एडको के कई क्रय केन्द्रों पर 72 घण्टे के अन्दर भुगतान न करने, 24 घण्टे के अन्दर गेहूँ क्रय की आॅनलाइन फीडिंग न करने की शिकायतों की पुष्टि हुई, जिसके दृष्टिगत नैकाॅफ व एडको के गेहूँ क्रय केन्द्रों पर कल 26 मई के पश्चात गेहूँ क्रय बन्द कराने के निर्देश दिये गये हैं तथा कृषकों के लम्बित भुगतान को तत्काल कराने हेतु कहा गया है, अन्यथा की स्थिति में दोषी के विरूद्ध एफआईआर दर्ज कराने की चेतावनी दी गयी है। जनपद महाराजगंज, फतेहपुर, मैनपुरी, जालौन व आजमगढ़ में पंजीकृत समितियों द्वारा एक कांटें पर एक दिन में 300 कुं. से अधिक गेहूँ क्रय करने की शिकायतें की पुष्टि होेने पर इन जनपदों के जिला खाद्य विपणन अधिकारियों का स्पष्टीकरण मांगा गया है।

उन्होंने बताया कि कतिपय केन्द्रों पर एक दिन में 1000 कुं. की खरीद पायी गयी, जो कि प्रथम दृष्टया संदिग्ध प्रतीत होती है, अस्तु सम्भागीय खाद्य नियंत्रकों व क्रय एजेन्सी पीसीएफ, पीसीयू व यूपी एग्रो के प्रबन्ध निदेशकों को निर्देश दिये गये कि वह इस संदिग्ध खरीद का सत्यापन करायें एवं यदि बिचैलियों के माध्यम से खरीद पायी जाती है तो प्रथम सूचना रिपोर्ट भी अंकित करायें। जनपद महाराजगंज में केन्द्र प्रभारी व राइस मिलर के द्वारा मिलीभगत कर गेहूँ क्रय करने के लिए मे. जय माता दी फूड्स, नोतनवा महाराजगंज एवं चैधरी टेªडिंग कम्पनी, धनखरी महाराजगंज के विरूद्ध तथा केन्द्र प्रभारी-सचिव जारा, महुआ, खेराटी, बेलहिया, कमासिन, सुचितपुर भगौना तथा जिला प्रबन्धक, पीसीएफ जेबी सिंह के विरूद्ध दो प्रथम सूचना रिपोर्ट अंकित करायी गयी। उक्त अनियमितता बरतने के लिए प्रबन्ध निदेशक, पीसीएफ को दोषी उक्त छह सचिव व जिला प्रबन्धक, महाराजगंज जेबी सिंह को निलम्बित करने हेतु तथा निदेशक मण्डी परिषद को मण्डी सचिव, नौतनवा विपुल कुमार के विरूद्ध कार्यवाही हेतु लिखा गया है तथा कमल कुमार सिंह, क्षेत्रीय विपणन अधिकारी, नौतनवा को महाराजगंज से हटाते हुये इनके विरूद्ध विभागीय कार्यवाही योजित की गयी। इसी प्रकार जनपद चन्दौली में नैफेड के केन्द्र पर बिचैलियों के माध्यम से खरीद पाये जाने पर जिला प्रबन्धक, नैफेड जवाहर लाल पाण्डेय के विरूद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट अंकित करायी गयी।

खाद्य आयुक्त ने बताया कि जनपद मुरादाबाद में उप्र खाद्य एवं आवश्यक वस्तु निगम के क्रय केन्द्र कांठ व डिलारी पर बिचैलियों के माध्यम से गेहूँ क्रय की पुष्टि होने पर क्रय केन्द्र प्रभारी कांठ व डिलारी, उप्र खाद्य एवं आवश्यक वस्तु निगम, जिला प्रबन्धक, मुरादाबाद, उप्र खाद्य एवं आवश्यक वस्तु निगम, विपिन बंसल व अजय बंसल व पांच अन्य बिचैलियों के विरूद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करायी गयी। इसके अतिरिक्त पीलीभीत में मै. भगवान राइस मिल कलीनगर, पीलीभीत में गेहूँ क्रय के सरकारी बोरे पाये जाने पर तथा जनपद शाहजहांपुर में दो पंजीकृत समितियों में गेहूँ का स्टाक कम पाये जाने पर प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराने की कार्यवाही प्रक्रियागत है। प्रदेश में बिचैलियों के माध्यम से गेहूँ क्रय करने व क्रय केन्द्र पर अवैध वसूली करने आदि की शिकायतों पर अब तक 48 से अधिक प्रथम सूचना रिपोर्ट पंजीकृत करायी जा चुकी है। उक्त अनियमितताओं के निराकरण के लिए जिलाधिकारियों को निर्देश दिये गये हैं कि वह स्थापित केन्द्र से भिन्न स्थान पर व रात्रि में गेहूँ की खरीद न होने दें, जिस क्रम में कृषक का गेहूँ तौला गया है, उसी क्रम से बैंक से भुगतान सुनिश्चित करायें तथा केन्द्र पर अधिक गेहूँ आवक की पुष्टि करने के उपरान्त ही केन्द्र पर एक से अधिक कांटें की अनुमति प्रदान करें।

एक साल में हर घर तक पहुंचानी है बिजली- श्रीकांत शर्मा

लखनऊ । ऊर्जा मंत्री पं. श्रीकान्त शर्मा ने कहा कि सरकार 31 दिसम्बर, 2018 तक प्रदेश के हर घर तक बिजली पहुँचाने के लिए संकल्पित हैं। मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ की मंशा प्रदेश के गांवों का संपूर्ण विकास है। इसके लिए हम गांवों को पर्याप्त बिजली की आपूर्ति और हर घर तक बिजली की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए तेजी से काम कर रहे हैं। पिछले एक वर्ष में रिकॉर्ड 36 लाख कनेक्शन जारी करके हमने उत्तर प्रदेश को ‘सौभाग्यशाली’ बनाने के प्रति अपनी प्रतिबद्वता स्पष्ट की है। हमें ‘सौभाग्य योजना’ के लक्ष्यों को तय समय में पूरा करने के लिए पूरी ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ विभाग की कार्ययोजना को मूर्त रूप देना होगा। इस मौके पर ऊर्जा मंत्री जी ने बिजली चोरी के विरुद्व प्रभावी अभियान चलाने वाले अधिकारियों व कर्मियों की सराहना करते हुए, यह निर्देश दिए कि किसी भी दशा में उपभोक्ता का उत्पीड़न न हो।

ऊर्जा मंत्री श्रीकान्त शर्मा ने शुक्रवार को यहां विद्युत प्रशिक्षण संस्थान में उप्र पावर कारपोरेशन द्वारा आयोजित सौभाग्य योजना की एक दिवसीय कार्यशाला और पुरस्कार वितरण समारोह को सम्बोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि विगत 15 सालों में 6.50 लाख विद्युत कनेक्शन प्रतिवर्ष दिये गये, जबकि वर्तमान सरकार एक वर्ष में ही 36 लाख कनेक्शन दे दिये। हमारा लक्ष्य प्रदेश के 1.71 करोड़ घरों को इस अवधि में रोशन करना है। इसी प्रकार इसके पहले 15 मजरे ऊर्जीकृत होते रहे हैं। जबकि विगत एक वर्ष में 62 हजार से ज्यादा मजरे ऊर्जीकृत हुये। इसका श्रेय ‘टॉप-टू-बॉटम’ लाइनमैन से लेकर चेयरमैन तक को जाता है। कार्मिकों के अथक परिश्रम, समन्वय व प्रयासों के कारण ही आज देश के सभी क्षेत्रों में उप्र की बिजली व्यवस्था की प्रशंसा हो रही है।

ऊर्जा मंत्री ने कहा कि प्रदेश में लाइन लास 15 प्रतिशत से कम आने, उपभोक्ता को प्रति माह सही बिल भेजने वाले कर्मचारियों व फीडर मैनेजर को डिस्कॉम स्तर पर पुरस्कृत किया जायेगा। उन्होंने कहा कि हम सब की जिम्मेदारी है कि विभाग की सबसे छोटी इकाई सब स्टेशन को व्यवस्थित रखा जाय। इसके लिए इस इकाई में अच्छा कार्य करने वाले जेई, एसडीओ, एसएसओ व लाइनमैन को भी जनपद स्तर पर पुरस्कृत किया जायेगा। उन्होंने कहा कि हमारा प्रदेश काफी ऊर्जावान है। यहां की ओवरलोडिंग, बिलिंग, ट्रिपिंग की व्यवस्था ठीक रखे, ताकि लोग यहां आकर ऊर्जा के क्षेत्र में कुछ सीख सके। उन्होंने कहा कि यह वही प्रदेश है जहां पहले बिजली आती नहीं थी, अब बिजली जाती नही है। ऊर्जा विभाग पूरी रात जागकर कार्य कर रहा है, जिससे लोग रात में चैन से नींद पूरी कर सकें।

भाजपा लोकतंत्र की पवित्रता नष्ट करने पर उतारू-सपा

लखनऊ। समाजवादी पार्टी ने कहा कि भाजपा का नेतृत्व लोकतंत्र की पवित्रता नष्ट करने पर उतारू है। भाजपा की स्तरहीन भाषा राजनैतिक शिष्टाचार के विरूद्ध है लेकिन भाजपा को इसकी परवाह नही है। भाजपा का राजनैतिक आचरण सामाजिक सद्भाव को बिगाड़ने का रहता है। हद तो तब हो जाती है जब भाजपा का शीर्ष नेतृत्व चुनाव की आदर्श आचार संहिता की नैतिकता को ताक पर रखकर लोकतंत्र की धज्जियां उड़ाने में कोई लाज भी नही महसूस करता है।

सपा के राष्ट्रीय सचिव राजेन्द्र चैधरी ने यहां जारी बयान में कहा कि लोकतंत्र की मंशा बिना लोकलाज के सफल नही हो सकती है। मुख्यमंत्री जी का समाजवादी सरकार के विषय में दिया गया दुर्भावना पूर्ण बयान तथ्यों के विरूद्व है। जबकि सच्चाई यह है कि भाजपाइयों के पास दंगा कराने की विशेषज्ञता है। समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव के बारे में इस तरह के आरोपों पर कोई विश्वास नही कर सकता है। भाजपा मुख्यमंत्री का यह बयान पूरी तरह भ्रामक और जनता को गुमराह करने वाला है। उन्होंने कहा कि भाजपाई लाख कोशिश करे तब भी अखिलेश यादव के सार्वजनिक जीवन की पारदर्शिता की बराबरी नही कर सकती।

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